पालघर। आचार्य महाप्रज्ञ जन्म शताब्दी वर्ष के अंतर्गत ट्विंकल स्टार इंग्लिश हाई स्कूल में महातपस्वी आचार्य श्री महाश्रमण जी के सुशिष्य मुनि श्री जिनेश कुमार जी ठाणा 2 का प्रवचन का कार्यक्रम आयोजित हुआ।
स्कूल के प्रांगण में सैकड़ों बच्चों को संबोधित करते हुए मुनि श्री जिनेश कुमार जी ने कहा आचार्य श्री महाप्रज्ञ जी का शिक्षा जगत को महत्वपूर्ण अवदान है जीवन-विज्ञान। जीवन में शिक्षा की सर्वांगीणता को रेखांकित किया गया है। उसमें प्रायोगिक प्रयोग के द्वारा बच्चों के जीवन स्तर में श्रेष्ठता व उच्चता लाने का प्रयास किया जाता है। वर्तमान युग में शारीरिक और बौद्धिक शिक्षा को तो खूब दी जाती है परंतु मानसिक और भावनात्मक शिक्षा का अभाव है जिससे बच्चों में अनुशासनहीनता, उच्श्रृंलता जैसी समस्याएं उत्पन्न हो रही है।
उन्होंने आगे कहा शिक्षा के साथ संस्कारों का जागरण होना बहुत जरूरी है। संस्कारों के विकास के लिए विनम्रता सहिष्णुता, जागरूकता परिश्रम शीलता का होना जरूरी है। बच्चे स्मृति विकास के लिए महाप्राण ध्वनि, ज्ञान केंद्र पर पीले रंग का ध्यान, कान खीचिए बुद्धि बढ़ाईये जैसे विभिन्न प्रयोग करवाये।
मुनि श्री परमानंद जी ने अणुव्रत गीत का संगान किया। तेरापंथ सभा के अध्यक्ष नरेश जी राठौड़ ने स्वागत भाषण प्रस्तुत किया। स्कूल मैनेजमेंट द्वारा कार्यक्रम के आयोजन के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया। इस अवसर पर तेरापंथ समाज के गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
शिक्षा के साथ संस्कारों का जागरण जरूरी: मुनि श्री जिनेश कुमार जी

