विकास धाकड़/मुंबई। पर्युषण महापर्व के तीसरे दिवस सामायिक दिवस के अवसर पर आचार्य श्री महाश्रमण जी की विदुषी सुशिष्या साध्वी श्री राकेश कुमारी जी आदि ठाणा ४ के पावन सान्निध्य में आध्यात्मिक वातावरण में सामायिक दिवस मनाया गया। जनमेदिनी को संबोधित करते हुए साध्वी श्री राकेश कुमारी जी ने कहा कि सामायिक की साधना कषाय मुक्ति की सर्वोच्च साधना है। अध्यात्म में प्रवेश पाने का पहला पगथिया सामायिक है। परभाव से हटकर स्वभाव में रमण करना ही समता की विशिष्ट साधना है।
साध्वी श्री जी ने जगपाल बालक के सामायिक के उदाहरण के माध्यम से सामायिक की महत्ता समझाते हुए कहा कि सामायिक जीवन का सार्वभौम तत्त्व है। इसका कोई मूल्य नहीं होता। सामायिक अनमोल एवं अमूल्य है। देवताओं द्वारा भी सामायिक की यशोगाथा गाई जाती है।सामायिक कौन कर सकता है? इस विषय पर प्रकाश डालते हुए साध्वी श्री मलय विभा जी ने कहा कि जो पांच द्वंद्वों से विरक्त होकर समभाव का जीवन जीता है, वही सामायिक कर सकता है। मन के दस, वचन के दस एवं काया के बारह दोषों का वर्जन करने वाला ही शुद्ध सामायिक कर पाता है।
साध्वी श्री विपुल यशा जी ने अभिनव सामायिक का प्रयोग भी कराया। कार्यक्रम का शुभारंभ सांताक्रूज़ से भिक्षु भजन मंडली के द्वारा मंगलाचरण की प्रस्तुति से हुई।आज के कार्यक्रम का मंच संचालन साध्वी श्री मलयविभा जी ने किया। संवत्सरी क्षमापना के प्रायोजक के रूप में स्वर्गीय श्रद्धानिष्ठ श्राविका गिन्नीदेवी दुग्गड़, मदनचंदजी-सरोज दुग्गड़, शांतिलालजी – मधु दुग्गड़, आलोक – ऊशा, अजीत – वंदना, श्रेयांस – मुस्कान, जोहरी आदि दुग्गड़ परिवार, सरदार शहर निवासी विले पार्ले प्रवासी की ओर से संवत्सरी के पारणा का भी लाभ लिया गया। कल रात्रिकालीन कार्यक्रम में रात्रि 8 से 9 बजे के मध्य साध्वी श्री विपुलयशा जी द्वारा ज्ञानवर्धक एवं रोचक जानकारी प्रदान की गई। तेरापंथ युवक परिषद विले पार्ले के अध्यक्ष महेंद्र जी बड़ाला, मंत्री रॉकी कोठारी, अनिल जी बाफना, चेतन जी सिंघवी, अरविंद जी कोठारी, सुनील जी वडाला, मुकेश जी वडाला, मुकेश जी कोठारी, हर्ष गेलड़ा, जय कोठारी आदि सहित अनेक कार्यकर्ता कार्यक्रम की व्यवस्थाओं में सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं।
विलेपारले महिला मंडल अध्यक्षा कुसुम जी कोठारी, मंत्री वनिता वडाला, अनीता जी सिंघवी, सुनीता जी गेलड़ा, कुसुम म कोठारी, रचना कटारिया, भावना डागलिया, रीना बाफना आदि भी कार्यक्रम को व्यवस्थित रूप से संपन्न कराने में अपना योगदान दे रहे हैं। कार्यक्रम संबंधी यह जानकारी महेंद्र जी वडाला ने दी।
विलेपार्ले {मुंबई}: सामायिक दिवस पर समता एवं कषाय मुक्ति की साधना का दिया संदेश

