नवी मुंबई। सोमवार को प्रातः आचार्य श्री महाश्रमण जी के सुशिष्य मुनि श्री जिनेश कुमार जी आदि ठाणा-2 का नवी मुम्बई के कोपरखैरने में पदार्पण हुआ,मुनिश्री पुणे में अपना सफल चार्तुमास कर कोकण विचरण करते हुए नवी मुम्बई पधारे है। सोमवार प्रातः लगभग 7 बजे वाशी तेरापंथ भवन से मुनि श्री विहार कर सबसे पहले कल्याण मित्र स्व. चिमन जी सिंघवी चौराहे पर मंगलपाठ फरमाते हुए,चिकित्सा लाभ हेतु वाशी पधारे साध्वी श्री शिवमाला जी से एम. जी. काम्प्लेक्स मैं आध्यात्मिक मिलन करते हुए, कोपरखैरने के भूमि पर पधारे।
मुनिश्री के साथ वाशी,कोपरखैरने, नेरुल,कुर्ला आदि स्थानों से तेरापंथ समाज के प्रबुद्ध श्रावको कि भारी उपस्तिथि रही।आप श्री आज का दिन आमेट निवासी, कोपरखैरने प्रवासी सुरेंद्र जी पामेचा के यहां रहेगा। पामेचा परिवार के द्वारा आज स्वागत का कार्यक्रम लॉयन्स क्लब हॉल में रखा गया,जिनेश मुनि ने अपने उद्बोधन में श्रावको को संघ व संघपति के प्रति निष्ठावान रहने की प्रेरणा दी,मुनि श्री परमानंद जी ने अपने सुरम्य विचार प्रदान किये, इस अवसर पर सिरियारी संस्थान के कोषाध्यक्ष श्री गौतमजी कोठारी , अणुव्रत समिति मुम्बई के मंत्री श्री चेतन जी कोठारी, उपासक जसराज छाजेड़ , अध्यक्ष गणपत गुंदेचा , सुनील बोहरा , पंकज भटेवरा , धर्मबोध कोठारी , सुनील महता , पुलकित कोठारी आदि ने विचार व्यक्त किये , पामेचा परिवारकी और से नितिन पामेचा ने सुमधुर गीतिका प्रस्तुत की, कार्यक्रम का सफल संचालन उपासक जसराज जी छाजेड़ ने किया। इस कार्यक्रम मे सम्पूर्ण तेरापंथ समाज कोपरखैरने उपस्थित था। अंत मे आभार ज्ञापन प्रसन्न पामेचा ने किया।
कोपरखैरने में हुआ जिनेश मुनि का भव्य स्वागत

