बेंगलुरु। कैंसर रोगियों के उपचार में तेजी और सटीकता लाने के उद्देश्य से भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) की गोल्डन जुबली फाउंडेशन ने किदवई मेमोरियल इंस्टीट्यूट ऑफ ऑन्कोलॉजी को 1.89 करोड़ रुपए की वित्तीय सहायता प्रदान की। इसी अवसर पर संस्थान के पैथोलॉजी विभाग को अत्याधुनिक ‘नैनो ट्यूमर-एस210’ (NanoTumor-S210) डिजिटल पैथोलॉजी तकनीक भी प्रदान की गई।
यह तकनीक पारंपरिक पद्धतियों की तुलना में डिजिटल स्कैनिंग के माध्यम से तेजी से कार्य करती है, जिससे बायोप्सी एवं लैब रिपोर्ट शीघ्र उपलब्ध होने में मदद मिलेगी और मरीजों का उपचार जल्द शुरू किया जा सकेगा। हाई-डेफिनिशन डिजिटल छवियों को कंप्यूटर स्क्रीन पर बड़ा करके देखने की सुविधा से चिकित्सकों को बीमारी के सूक्ष्म लक्षणों की पहचान करने तथा अधिक सटीक निदान में सहायता मिलेगी।
इस अवसर पर किदवई मेमोरियल इंस्टीट्यूट ऑफ ऑन्कोलॉजी के निदेशक डॉ. आर. कृष्णप्पा, पैथोलॉजी विभाग की प्रमुख चंपका उपस्थित रहीं। कार्यक्रम में एलआईसी के CEO दुरैस्वामी, क्षेत्रीय प्रबंधक (दक्षिण मध्य क्षेत्र) एस. सरवण रमेश, वरिष्ठ मंडल प्रबंधक (बेंगलुरु डिवीजन-2) श्री कृष्णमूर्ति, विपणन प्रबंधक अरविंद, बिक्री प्रबंधक बशीर, उत्पाद प्रबंधक गुरु कृष्ण, विकास अधिकारी श्री नाग नरसिम्हन तथा अग्रणी LIC बीमा अभिकर्ता दिनेश जैन खिंवेसरा सहित एलआईसी के वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित रहे।
किदवई संस्थान को नैनो-ट्यूमर तकनीक का उपहार
Highlights
- LIC गोल्डन जुबली फाउंडेशन ने 1.89 करोड़ रुपए की वित्तीय सहायता दी

