नई दिल्ली: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज संसद में अपना पहला बजट पेश किया। बजट भाषण में निर्मला सीतारमण ने कहा, ‘भारत में पानी की सुरक्षा और सभी भारतीयों को साफ पेयजल उपलब्ध कराना प्राथमिकता है। इस दिशा में एक बड़ा कदम जल शक्ति मंत्रालय का गठन है।’ उन्होंने बताया कि यह मंत्रालय जल संसाधनों और जल आपूर्ति के प्रबंधन को एकीकृत और व्यापक तरीके से देखेगा। ‘जल जीवन मिशन’ के तहत 2024 तक सभी ग्रामीण घरों में ‘हर घर जल’ के लिए राज्यों के साथ मिलकर मंत्रालय काम करेगा।
साफ पेयजल उपलब्ध करवाने के लक्ष्य के तहत जल शक्ति मंत्रालय बनाया गया है
बजट पेश करते हुए निर्मला सीतारमण ने नए मंत्रालय का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा सभी भारतीय को साफ पेयजल उपलब्ध कराने और जल संसाधनों के प्रबंधन के उद्देश्य से जल शक्ति मंत्रालय को बनाया गया है। यह पानी के प्रबंधन करेगा और हर घर नल- हर घर जल का लक्ष्य पूरा करने में मददगार होगा। घर का पानी कृषि के क्षेत्र में उपयोग हो सके इसकी व्यवस्था करनी होगी। वित्त मंत्री ने कहा कि जीरो बजट फार्मिंग की बात हम कर रहे हैं, यह कोई नई चीज नहीं है। इससे किसानों की आय दोगुनी करने का लक्ष्य पूरा करना आसान हो सकेगा।
बता दें कि लोकसभा चुनाव के लिए प्रचार अभियान के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वादा किया था कि जल संबंधी मुद्दों से निपटने के लिए एकीकृत मंत्रालय का गठन किया जाएगा। इस वादे को पूरा करते हुए केंद्र सरकार ने जल संसाधन और पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालयों को मिलाकर ‘जल शक्ति मंत्रालय’ बनाया है। इसका कार्यभार गजेंद्र सिंह शेखावत को सौंपा गया जबकि रतन लाल कटारिया को राज्य मंत्री बनाया गया।
जलशक्ति अभियान चलाया जाएगा
जलशक्ति अभियान के लिए 256 जिलों के 1592 खंडों की पहचान की गई है। जहां जल स्तर नीचे है, उन जगहों की पहचान की जाएगी। सरकार ने देश में ऐसे एक हजार से ज्यादा स्थानों की पहचान की गई है, जहां जलस्तर नीचे चला गया है।

