मुंबई : हाल ही में खबर आई कि सुपरस्टार रजनीकांत और कमल हासन 35 साल बाद साथ आने वाले हैं। आखिरी बार दोनों ‘गिरफ्तार’ फिल्म में थे। दोनों निर्देशक लोकेश कनगराज की फिल्म में आ सकते हैं। जानकार बता रहे हैं कि यह दक्षिण भारत की सबसे सफल फिल्म हो सकती है।
नए कीर्तिमान करेगी हासन और रजनी की जोड़ी
फिल्म समीक्षक जयप्रकाश चौकसे कहते हैं कि भारत में कुल 8,000 सिंगल स्क्रीन हैं। इनमें 5,000 दक्षिण भारत में ही हैं। साथ ही दक्षिण भारत में सरकार की पॉलिसी है कि 40% टिकट 20 रु. से अधिक के नहीं होंगे। ऐसे में रजनीकांत और कमल हासन अगर एक साथ किसी फिल्म में आते हैं तो वह फिल्म निश्चित ही बॉक्स ऑफिस पर नए कीर्तिमान स्थापित करेगी।
2000 करोड़ रु का कलेक्शन कर सकती है फिल्म
तमिल फिल्मों से जुड़े वरिष्ठ पत्रकार वित्रीवेल बताते हैं कि रजनीकांत और कमल हसन की आने वाली फिल्म की कलेक्शन में स्टार कास्ट बड़ी भूमिका निभाएगी। लेकिन अगर फिल्म की प्रोडक्शन कॉस्ट 500 करोड़ के आसपास हुई और वह तेलुगु और कन्नड़ में भी बनेगी तो कलेक्शन के लिहाज से यह अब तक की तमिल सिनेमा इतिहास की सबसे बड़ी फिल्म होगी। फिल्म 2000 करोड़ रुपए के आसपास का कलेक्शन कर सकती है।
फिल्म की स्क्रिप्ट और निर्देशन भी मायने रखता है
तमिल फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े (सेट डायरेक्टर) अब्दुल कलाम मोहम्मद नाज़र की राय कुछ अलग है। वे कहते हैं कि रजनीकांत और कमल हासन दोनों तमिल फिल्म इंडस्ट्री के लीजेंड हैं। जाहिर तौर पर फिल्म बजट में सबसे बड़ी हो सकती है लेकिन कमाई अभी की फिल्मों में सबसे ज्यादा करेगी यह कहा नहीं जा सकता है क्योंकि अब फिल्म की स्क्रिप्ट और निर्देशन भी मायने रखता है।
दक्षिण भारत में फैंस का कॉन्सेप्ट हिंदी सिनेमा से अलग
वरिष्ठ फिल्म पत्रकार फरीदून शहरयार कहते हैं कि दक्षिण भारत में फैंस का कॉन्सेप्ट हिंदी सिनेमा से अलग है। वहां फैंस अपने पसंदीदा कलाकारों की इबादत करते हैं। वहां फैंस अपने पसंदीदा कलाकारों की फिल्मों की पायरेसी भी नहीं होने देते हैं। यही वजह है कि दक्षिण भारत में फिल्में 6-8 हफ्ते तक लगी रहती हैं और 100-100 करोड़ तक का बिज़नेस कर लेती हैं। जहां तक रजनीकांत और कमल हासन की बात है तो अगर दोनों एक साथ किसी फिल्म में आते हैं तो दोनों के फैंस ऐसा इतिहास रचेंगे कि शायद वह दक्षिण भारतीय सिनेमा की सबसे सफल फिल्म बने।

