नई दिल्ली: कहते है राजनीति में कोई किसी का दोस्त नहीं होता फिर चाहे वो राजनेता एक ही पार्टी में क्यों ना हो। हालांकि, कई मामलों में ऐसा नहीं है। खैर, आगे बढ़ते है, भारतीय जनता पार्टी की वरिष्ठ नेता उमा भारती और साध्वी प्रज्ञा के रिश्तों में तल्खी की खबरें तो सामने आती रहीं है लेकिन, अब ऐसी तस्वीरें सामने आई है। जिसमें इन दोनों का एक दूसरे के प्रति स्नेह साफ नजर आ रहा है। सोमवार को साध्वी प्रज्ञा और उमा भारती के गले लगकर भावुक हो गई और फूट-फूटकर रोने लगी।
दिलचस्प बात ये है कि साध्वी प्रज्ञा उमा भारती से मिलने के लिए उनके आवास पर पहुंची थी। मुलाकात के बाद उमा भारती साध्वी प्रज्ञा को छोड़ने के लिए बाहर तक आई थी। इस दौरान साध्वी प्रज्ञा रोनें लगीं। उमा भारती ने साध्वी प्रज्ञा को गले लगाया और उनके आंसू पूछे। दोनों की ये तस्वीरें उमा भारती के उस बयान के बाद आई है जिसमें उमा भारती ने साध्वी प्रज्ञा को महान संत बताया था। साथ ही कहा था कि उनसे मेरी तुलना ना की जाए। तभी से उमा भारती का ये बयान चर्चाओं में छाया हुआ है।
जानकारी के लिए बता दें कि मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री रही उमा भारती इस बार चुनाव नहीं लड़ रही है। जब उनसे सवाल किया गया कि क्या अब उनकी जगह साध्वी प्रज्ञा ने ले ली है। उन्होंने जवाब देते हुए कहा कि मेरी तुलना उनसे ना की जाए वो एक महान संत है। मैं तो एक साधारण प्राणी हूं। I गौरतलब है कि मालेगांव हिंसा में आरोपी साध्वी प्रज्ञा भोपाल सीट से कांग्रेस उम्मीदवार दिग्गविजय सिंह के खिलाफ चुनावी मैदान में है। इसी वजह से ये सीट फिलहाल चर्चा का केंद्र बनी हुई है। उमा भारती ने कांग्रेस के दिग्गज नेता दिग्विजय सिंह को टक्कर देकर मध्य प्रदेश की मुख्यमंत्री बनी थी। 2014 में मोदी सरकार में उन्हें गंगा सफाई की जिम्मेदारी दी गई। इस बार उन्होंने खुद ही चुना लड़ने इनकार कर दिया है।
उमा भारती के बयान के बाद घर मिलने पहुंची साध्वी प्रज्ञा, गले लग फूंट-फूंटकर रोईं

