सुरभि सलोनीसुरभि सलोनीसुरभि सलोनी
  • National
  • State
  • Social
  • Entertainment
  • Mumbai / Maharashtra
  • Video
  • E-Magazine
Reading: नवंबर 2020 में चंद्रयान-3 भेजने की तैयारी, चंद्रयान-2 में हुईं गलतियों पर एक रिपोर्ट तैयार की गई
Share
Font ResizerAa
सुरभि सलोनीसुरभि सलोनी
Font ResizerAa
  • National
  • State
  • Social
  • Entertainment
  • Mumbai / Maharashtra
  • Video
  • E-Magazine
Search
  • Business
  • entertainment
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2022 Surabhi Sloni All Rights Reserved.
national

नवंबर 2020 में चंद्रयान-3 भेजने की तैयारी, चंद्रयान-2 में हुईं गलतियों पर एक रिपोर्ट तैयार की गई

Last updated: November 14, 2019 8:15 pm
Surabhi Saloni
Share
2 Min Read
File Photo
SHARE

बेंगलुरू: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) अगले साल नवंबर में चंद्रयान-3 की सॉफ्ट लैंडिंग करा सकता है। यह जानकारी गुरुवार को इसरो के सूत्रों ने दी। उन्होंने बताया कि 2020 में चंद्रमा की सतह पर लैंडर उतारने के लिए इसरो ने एक उच्चस्तरीय कमेटी का गठन किया है। इसका नेतृत्व तिरुवनंतपुरम के विक्रम साराभाई स्पेस रिसर्च सेंटर के निदेशक एस.सोमनाथ कर रहे हैं। इस सेंटर को इसरो के सभी लॉन्च व्हीकल प्रोग्राम की जिम्मेदारी दी गई है। चंद्रयान-3 से संबंधित सभी रिपोर्ट यह कमेटी ही तैयार करेगी।
इसरो के एक वरिष्ठ अधिकारी ने न्यूज एजेंसी को बताया, “पैनल की रिपोर्ट का इंतजार है। कमेटी को अगले साल के खत्म होने से पहले मिशन से संबंधित सभी दिशा-निर्देश तैयार करने को कहा गया है। चंद्रयान-3 की लॉन्चिंग के लिए अगले साल नवंबर का समय बेहतर है।” सूत्रों के मुताबिक, “इस बार रोवर, लैंडर और लैंडिंग की सभी प्रक्रियाओं पर ज्यादा ध्यान दिया जाएगा। चंद्रयान-2 में जो भी खामियां रहीं हैं, उन्हें सुधारने पर काम किया जाएगा।”
चंद्रयान-2 की खामियों का पता लगाने के लिए कमेटी गठित
इससे पहले, 7 सितंबर को इसरो ने चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर चंद्रयान-2 के विक्रम लैंडर की सॉफ्ट लैंडिंग का प्रयास किया था, लेकिन इससे पहले ही लैंडर का इसरो से संपर्क टूट गया था। इसके बाद, विभिन्न अकादमियों और इसरो विशेषज्ञों की टीम ने लैंडर से इसरो का संपर्क टूटने के कारणों का पता लगाने का काम किया।
इसके लिए लिक्विड प्रपुल्शन सिस्टम्स सेंटर के निदेशक वी.नारायणन के नेतृत्व में एक राष्ट्रीय स्तर की कमेटी गठित की गई। इसमें विक्रम साराभाई स्पेस सेंटर और यूआर राव सैटेलाइट सेंटर के विशेषज्ञों को भी पैनल में सदस्य बनाया गया। अधिकारी के मुताबिक, “कमेटी ने इस अभियान के दौरान गलतियों के कारणों का पता लगाया। माना जा रहा है कि कमेटी इस संबंध में अपनी रिपोर्ट स्पेस कमीशन को सौंप चुकी है। प्रधानमंत्री कार्यालय से स्वीकृति मिलने के बाद इसे सार्वजनिक कर दिया जाएगा।”

Sign Up For Daily Newsletter

Be keep up! Get the latest breaking news delivered straight to your inbox.

By signing up, you agree to our Terms of Use and acknowledge the data practices in our Privacy Policy. You may unsubscribe at any time.
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram Email Copy Link Print
Share
What do you think?
Love0
Sad0
Happy0
Sleepy0
Angry0
Dead0
Wink0
Previous Article संजय राउत बोले- बालासाहेब की कसम खाते हैं कि उन्हीं के कमरे में भाजपा के साथ 50-50 फॉर्मूले पर चर्चा हुई थी
Next Article 21 फरवरी 2020 को प्रदर्शित होगी ‘‘इन्क्रेडिबल इंडिया‘’

आज का AQI

Live Cricket Scores

Latest News

पायल की छनक और दामिनी के ठुमकों से मचेगा बवाल, प्रतिभा राज लेकर आईं ‘लइला पायल राजा पीतल के’
entertainment
November 1, 2026
सुबोध भावे ने ‘फौजी’ के सेट पर की प्रभास के सादगी और अच्छे व्यवहार की तारीफ, बताया कैसे रहते हैं सुपरस्टार
entertainment
November 1, 2026
काय समाधारणा से चारित्र पर्यवों का होता है विशोधन : शांतिदूत आचार्यश्री महाश्रमण
social
November 1, 2026
हॉरर फिल्म ‘झाड़ फूँक’ के प्रीमियर में खौफनाक सीन देख फूड इन्फ्लुएंसर उल्हास कामटे को आया पैनिक अटैक, निर्देशक ने बताया घटनाक्रम
entertainment
November 1, 2026

Sign Up for Our Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Follow US
© 2026 Surabhi Saloni All Rights Reserved. Disgen by AjayGupta
  • About Us
  • Privacy
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
  • Contact
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?