मुंबई। युगप्रधान आचार्य श्री महाश्रमण जी के सुशिष्य मुनि श्री कुलदीप कुमार जी एवं सुशिष्या शासन श्री शिवमालाजी आदि चरित्र आत्माओं का आध्यात्मिक मिलन हुआ । इस अवसर पर मुनि कुलदीप कुमार जी ने कहा – कालबादेवी का यह क्षेत्र हमसे अपरिचित नहीं है। यहां का तेरापंथ समाज बडा ही जागरूक और निष्ठावान है। साध्वी श्री जी से मिलकर हार्दिक प्रसन्नता हो रही है। शासन श्री शिवमाला जी ने दोनों संतों की विशेषताओं का उल्लेख करते हुए अपने हृदयोद्गार व्यक्त किये।
मुनि मुकुल कुमार जी ने कहा-तेरापंथी सभा, तेरापंथ महिला मण्डल एवं तेरापंथ युवक परिषद कालबादेवी के सभी सदस्यों की सेवाभावना समर्पण और श्रद्धा को देखकर सात्विक प्रसन्नता होती है। इससे पूर्व सभा अध्यक्ष सुरेशजी डागलिया ने अपना स्वागत वक्तव्य दिया। कार्यक्रम का कुशल संचालन साध्वी अमितरेखाजी ने किया।
मिलन के कार्यक्रम में फाउंडेशन अध्यक्ष कुंदनमल धाकड़, मंत्री लक्ष्मीलाल डागलिया, कार्याध्यक्ष गणपतलाल डागलिया, निवर्तमान अध्यक्ष किशनलाल डागलिया, दक्षिण मुंबई तेरापंथी सभा के अध्यक्ष सुरेश डागलिया, मंत्री दिनेश धाकड़, उपाध्यक्ष नितेश धाकड़, युवक परिषद अध्यक्ष गिरीश सिसोदिया, कोषाध्यक्ष रोनक धाकड़, सहमंत्री उत्सव धाकड़, दर्शन डागलिया, जैन संस्कारक अशोक बरलोटा, महिला मंडल अध्यक्षा लतिका डागलिया, निवर्तमान अध्यक्षा वनिता धाकड़, उपाध्यक्ष पुष्पा कचछारा, सहमंत्री रितिका सिसोदिया, शुभांगी जवेरी एवं अन्य श्रावक-श्राविकाओं की अच्छी उपस्थिति रही। मिलन के पश्चात, मुनि द्वय विहार कर मुनि जयेशकुमार जी के संसारपक्षीय पिता जी अशोकजी बरलोटा के निवास स्थान पर पधारे।।
कालबादेवी में चारित्रात्माओं का हुआ आध्यात्मिक मिलन

