फ़िल्ममेकर और राइटर हरमन बावेज़ा, जिन्होंने बावेज़ा स्टूडियोज़ को एक कंटेंट-ड्रिवन पॉवरहाउस बना दिया है, मानते हैं कि नई Draft Film Policy इंडियन सिनेमा के लिए “गेम-चेंजर” साबित होगी। Mrs. जैसी अवॉर्ड-विनिंग फ़िल्म से लेकर *ख़्वाबों का झमेला, दिल का दरवाज़ा खोल ना डार्लिंग, बॉयज़ ऑफ़ अंडमान और तमिल प्रोजेक्ट Perusu तक – बावेज़ा लगातार अपनी झोली में अलग-अलग कहानियाँ भरते रहे हैं। पॉलिसी को उन्होंने बताया – “इंडस्ट्री में प्रोफ़ेशनलिज़्म और अकाउंटेबिलिटी की ज़रूरी लस्सी”। यानी अब सेट्स पर डिसिप्लिन, सेफ़्टी और रिस्पेक्ट के साथ काम करने का एक ठोस फ़्रेमवर्क मिलेगा। नई पॉलिसी में क्या-क्या है? हर फ़िल्म सेट पर POSH Act (Prevention of Sexual Harassment) का पालन अनिवार्य। नए टैलेंट के लिए मेंटरशिप प्रोग्राम्स।
फ़िल्म डेवलपमेंट काउंसिल ताकि सरकार और इंडस्ट्री एक तालमेल में काम कर सकें। हरमन बोले – “ऐसी पॉलिसीज़ किसी पर पाबंदी नहीं, बल्कि ऐसे गाइडलाइन्स हैं जिनसे हम और भी अनुशासन, सुरक्षा और इज़्ज़त के साथ काम कर पाएँगे।” उन्होंने आगे इमोशनल अंदाज़ में कहा – “सिनेमा सिर्फ़ सितारों और कहानियों से नहीं बनता, ये उन हज़ारों लोगों की मेहनत पर टिका है जो कैमरे के पीछे खून-पसीना बहाते हैं। अगर हमें ग्लोबल लेवल पर जाना है, तो सबसे पहले उन लोगों की इज़्ज़त और सुरक्षा करनी होगी जो ये सपना सच करते हैं। ये पॉलिसी उस दिशा में एक ज़बरदस्त कदम है।” हरमन का मानना है कि मेंटरशिप और ट्रेनिंग वर्कशॉप्स से नई पीढ़ी के स्टोरीटेलर्स तैयार होंगे। “प्रोड्यूसर्स का काम सिर्फ़ फ़िल्में बनाना नहीं, बल्कि ऐसा इकोसिस्टम बनाना है जहाँ टैलेंट पनपे। इंडिया को अगर वर्ल्ड स्टेज पर कंपटीशन करना है तो स्ट्रक्चर्स बनाने होंगे – जहाँ क्रिएटिविटी और मास-अपीलिंग कंटेंट अकाउंटेबिलिटी के साथ आगे आए।”
पॉलिसी में रीजनल सिनेमा, को-प्रोडक्शन और इंटरनेशनल प्रोजेक्ट्स के लिए इंसेंटिव्स भी हैं।
यानी इंडियन सिनेमा अब बॉक्स-ऑफ़िस कलेक्शन से आगे बढ़कर क्वालिटी, डिसिप्लिन और इनोवेशन पर फ़ोकस करेगा। हरमन बोले – “अब टाइम आ गया है कि सिर्फ़ नंबर नहीं, बल्कि क्वालिटी में इन्वेस्ट किया जाए। Draft Film Policy हमें वही रास्ता दिखा रही है।” हरमन बावेज़ा के सपोर्ट से साफ़ है कि इंडस्ट्री में अब प्रोफ़ेशनलिज़्म की घंटी बज चुकी है – और यही बनेगा इंडियन सिनेमा की नई उड़ान का बेस। Baweja Studios के बैनर तले, हरमन ऐसे प्रोजेक्ट्स लेकर आ रहे हैं जो मास और क्लास दोनों को जोड़ें – Captain India (कार्तिक आर्यन स्टारर), Dil Ka Darwaza Khol Na Darling, Boy from Andaman और Shah Bano Case पर आधारित एक फीचर फ़िल्म। स्पष्ट है- हरमन बावेज़ा का स्टूडियो अब नए दौर का झंडाबरदार बनकर उभर रहा है
हरमन बावेज़ा का बयान – Draft Film Policy इंडियन सिनेमा का GPS है, सही दिशा दिखाएगी

