नयी दिल्ली। कांग्रेस ने आधार से जुड़े उच्चतम न्यायालय के फैसले का स्वागत करते हुए बुधवार को कहा कि यह ‘भाजपा के मुंह पर तमाचा’ है। पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने ट्वीट कर कहा , ‘‘ उच्चतम न्यायालय ने अपने फैसले से निजता के अधिकार को बरकरार रखा है। मोदी सरकार की कठोर धारा 57 निरस्त हुई।’’
उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि नागरिकों के जो डेटा एकत्र किए गए हैं उनको नष्ट किया जाए। कांग्रेस प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा , ‘‘यह भाजपा के मुंह पर तमाचा है। न्यायमूर्ति सीकरी के फैसले ने आधार अधिनियम की धारा 57 को निरस्त कर दिया और कहा कि यह असंवैधानिक है। बायोमैट्रिक डेटा का व्यावसायिक उपयोग करने की योजना विफल हुई। ’’
दरअसल , उच्चतम न्यायालय ने बुधवार को अपने फैसले में केन्द्र की महत्वाकांक्षी योजना आधार को संवैधानिक रूप से वैध करार दिया। प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने अपने फैसले में कहा कि आधार का लक्ष्य कल्याणकारी योजनाओं के लाभ को समाज के वंचित तबके तक पहुंचाना है और वह ना सिर्फ व्यक्तिगत बल्कि समुदाय के दृष्टिकोण से भी लोगों के सम्मान का ख्याल रखती है।
इस निर्णय के अनुसार, आधार कार्ड/नंबर को बैंक खाते से लिंक/जोड़ना अनिवार्य नहीं है। इसी तरह टेलीकॉम सेवा प्रदाता उपभोक्ताओं को अपने फोन से आधार नंबर को लिंक कराने के लिये नहीं कह सकते। पीठ ने कहा कि आयकर रिटर्न भरने और पैन कार्ड बनवाने के लिए आधार अनिवार्य है।
‘भाजपा के मुंह पर तमाचा’ है आधार पर फैसला: कांग्रेस

