चेन्नई। किलपाक में मुनिश्री पुलकित कुमारजी ठाणा2 का साध्वीश्री उदितयशाजी ठाणा4 से आध्यात्मिक मिलन हुआ। आध्यात्मिक मिलन के भावपूर्ण अवसर पर डॉ.मुनिश्री पुलकित कुमारजी ने साध्वीश्री उदितयशाजी से सुखसाता पूछते हुए कहा कि आध्यात्मिक मिलन से चेन्नई श्रावक समाज को प्रेरणा मिलेगी। इस बार गुरु कृपा से चेन्नई में दो चातुर्मास प्राप्त हुए हैं। आपसी सौहार्द एवं सामंजस्य पूर्वक हर कार्यक्रम एवं आध्यात्मिक गतिविधि संपन्न होगी। मुनिश्री ने साध्वीश्री उदितयशाजी तथा अन्य सहयोगी साध्वीवृन्द के प्रति प्रमोद भाव व्यक्त किया। मुनिश्री ने कहा- आचार्य महाश्रमण जैसे गुरु से हमें श्रम की विशेष प्रेरणा मिलती है।
हमारा यह संकल्प है कि चेन्नई के प्रत्येक उपनगर में जाकर श्रावक -श्राविकाओं की सार- संभाल हो और वे चातुर्मास का पूरा लाभ उठाएं। मुनिश्री आदित्य कुमारजी ने गीत प्रस्तुत करते हुए साध्वीश्री के प्रति मंगल भावना व्यक्त की। साध्वीश्री संगीतप्रभा जी, भव्ययशाजी एवं साध्वीश्री शिक्षाप्रभाजी ने गीत प्रस्तुत करते हुए मुनिश्री के विहार की सुखसाता पूछी एवं आगामी चातुर्मास के लिए मंगलकामना व्यक्त की।इस अवसर पर चेन्नई श्रावक समाज की गरिमामय उपस्थिति के साथ श्री जैन श्वेताम्बर तेरापंथी सभा चेन्नई के अध्यक्ष श्री महेंद्र मांडोत तथा किलपॉक सभाध्यक्ष श्री अशोक परमार, चेन्नई सभा उपाध्यक्ष डॉ. श्री कमलेश नाहर, श्री धर्मीचंद छल्लानी,निवर्तमान अध्य्क्ष श्री अशोक खतंग,मंत्री श्री चंद्रेश चिप्पड़, प्रचार प्रसार प्रभारी श्री संतोष सेठिया, तेयुप अध्य्क्ष श्री विशाल सुराणा, मंत्री श्री मुकेश आच्छा,महिला मंडल मंत्री श्रीमती वंदना पगारिया,अणुव्रत समिति मंत्री श्री कुशल बांठिया सहित समाज के अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

