नेरूल। अखिल भारतीय तेरापंथ महिला मंडल के अंतर्गत नेरुल महिला मंडल द्वारा (सही अवसर की करे पहचान सफलता की राह बने आसान) कार्यशाला का आयोजन 26 अप्रैल 2019 को नेरुल में आचार्य महाश्रमणजी के सुशिष्य मुनिश्री जिनेशकुमारजी व सहवर्ती मुनिश्री परमानंदजी के सानिध्य में कार्यशाला का आयोजन किया गया। मुनिश्री परमानंदजी ने कहा जीवन में सफलता पाने के लिए सबसे पहले लक्ष्य का सही निर्धारण करे। योजना बनाएं व सही दिशा म्हे पुरुषार्थ करें। जीवन म्हे बहुत सारे अवसर मिलते है,सही अवसर को पहचानें व उपयोग करते हुए सफलता के शिकार पर आरोहण करे, जीवन म्हे सफलता के लिए अंतर्मन की आवाज को सूने।
मुनिश्री जिनेशकुमारजी ने कहा समय का रथ गतिमान है ,जो व्यक्ति समयरूपी रथ पर चढ़ जाता है व्हो जिंदगी का सफर पार कर लेता है।समय का जो सदुपयोग करता है व्हो सफलता के शिकार का आरोहण करता है मुनिश्री ने बताया कि जीवन म्हे सम्यक ज्ञान, सम्यक दर्शन, सम्यक चरित्र सम्यक पुरुषार्थ, सम्यक आचरण विश्वास, एकाग्रता, तन्मयता, निरंतरता इन सूत्रों को अपनाएँ तो हर व्यक्ति सफलता की राह को आसानी से प्राप्त कर सकेगा। नेरुल महिला मंडल ने मंगल संगान किया संयोजिका हेमा बाफना ने सभी का स्वागत किया व विषय पर अपने विचार रखे।सहसयोजिक मनीषा चण्डालिया व मीना चण्डालिया ने सभी का आभार किया।कार्यक्रम का कुशल संचालन संयोजिका हेमा बाफना ने किया बहनों की अच्छी उपस्थिति रही।
नेरूल में ‘सही अवसर की करे पहचान सफलता की राह बने आसान’ कार्यशाला का आयोजन

