कुर्ला: गुरुवार को मुंबई के कुर्ला वेस्ट में स्थित तेरापंथ भवन का भव्य उद्घाटन समारोह का आयोजन आचार्य श्री महाश्रमण जी के आज्ञानुवर्ती आगमन मनीषी प्रोफेसर मुनि श्री महेंद्र कुमार जी एवं मुनि वृन्द कर सानिध्य में संपन्न हुआ। प्रोफेसर मुनि श्री महेंद्र कुमार जी ने फरमाया कि जो एक को जान लेता है वो सबको जान लेता है। यह भगवान महावीर का दर्शन है। आत्मा के स्वरूप के विषय में ध्यान करने की कोशिश नही करेंगे तब तक हम अपने जीवन में सफल नही हो सकते हैं। जैसे भवन तो पहले भी था लेकिन अब नए रूप में है। अगर यहां निरंतर रूप से सामाजिक धार्मिक आयोजन होंगे तभी इसके पुनः निर्माण की सफलता होगी। मुनि श्री अभिजीत कुमार जी ने कहा कि भवन के उद्घाटन के साथ साथ चेतना का भी उदय होना चाहिए। तभी इस भवन की उपयोगिता होगी।
ट्रस्ट के अध्यक्ष माणक धींग, पूर्व अध्यक्ष ताराचन्द बांठिया ,राजू मेहता, अशोक तातेड़, भरत चौधरी, सुशीला चपलोत, राजकुमार चपलोत, कुंदन कुमठ, धरमचंद डांगरा, प्रेमलता शिशोदिया, दलपत बाबेल, विरक्ति जैन, डालचंद कोठारी आदि ने अपने विचार रखे। कार्यक्रम की शुरुआत नवकार महामंत्र के उच्चारण एवं महिला मंडल द्वारा प्रस्तुत मंगलाचरण गीतिका के साथ हुआ। कुर्ला भवन में जैन संस्कार विधि से रस्में निभाई गई। जिसमें जैन संस्कारक पीयूष नाहाटा एवं विमल गादिया थे। कार्यक्रम में मंच का कुशलतापूर्वक संचालन दिनेश सुतरिया ने किया। हितेश कुमठ ने सुंदर गीतिका का संगान किया।
कार्यक्रम में श्री जैन तेरापंथ ट्रस्ट के सभी ट्रस्टीयों का एवं अनुदानकर्ताओं का उनके योगदान के उपलक्ष्य में मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया।
मुनि श्री महेंद्र कुमार जी के सानिध्य में कुर्ला तेरापंथ भवन का भव्य उद्घाटन

