पंकज श्रीवास्तव/पटना। कोरोना संक्रमण से निपटने के लिए सरकार ने फौरी तौर पर लॉकडाउन का सहारा लिया है। इस लॉकडाउन ने कितने बेबस परिवार को फांकाकशी पर मजबूर कर दिया है, जिसकी गिनती नहीं। सबसे ज्यादा उन परिवारों की दुर्गती हुई है जो मध्यम वर्गीय है। जो अपनी पीड़ा किसी से कह भी नहीं सकता। फिलहाल इस मुश्किल घड़ी में बिहार के पुलिस प्रमुख गुप्तेश्वर पांडे ने हर मोर्चे पर कमान सम्भाल रखी है। बिहार के लिए ये सम्मान की बात है कि उन्होंने हर किसी के लिए अपना मोबाइल नंबर मुहैया करा रखा है। ये भी हर्ष की बात है कि ‘सुरभि सलोनी’ के बिहार ब्यूरो प्रमुख ने जब उनसे इस समस्या की ओर ध्यान दिलाया तो उन्होंने कई घरों के लिए राशन भी मुहैया कराया है। ऐसे संवेदनशील अधिकारी का होना पूरे बिहार के लिए गर्व की बात है।
उल्लेखनीय है कि पिछले दिनों श्री पांडेय ने कोरोना से बचने के लिए भोजपुरी में बिहारवासियों को संबोधित करते हुए कहा था कि संभाल के रहें – “सटला ता गईला बेटा…’। जो काफी चर्चा का विषय बना था। इससे पहले ईमानदारी से ड्यूटी निभा रहे होमगार्ड के जवान से कृषि विभाग के पदाधिकारी द्वारा उठक-बैठक करवाने व मंगवाने की घटना के बाद श्री पांडेय होमगार्ड के उक्त जवान को खुद फोन करके माफी मांगी व दरोगा के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की। फिलहाल डीजीपी पांडेय की इस संवेदनशीलता व उनके काम की काफी चर्चा हो रही है।
कोरोना काल में दिखी बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय की संवेदनशीलता

