नई दिल्ली:भारत के पूर्व विस्फोटक सलामी बल्लेबाज कृष्णमाचारी श्रीकांत का कहना है कि अपने करियर में उन्होंने कभी तकनीक की परवाह नहीं की। उन्होंने कहा कि वो और सुनील गावस्कर दोनों एकदम अलग-अलग तरह के बल्लेबाज थे। श्रीकांत ने कहा कि गावस्कर नॉर्थ पोल थे, तो वो साउथ पोल थे।
श्रीकांत ने स्टार स्पोर्ट्स-1 तमिल पर एक शो में कहा, ‘बल्लेबाजी में साझेदारी काफी महत्वपूर्ण होती है और सुनील गावस्कर के साथ मेरी जोड़ी जमी थी, हालांकि हम दोनों तकनीक के मामले में बिलकुल अलग-अलग थे।’ गावस्कर के साथ अपनी साझेदारी पर श्रीकांत ने कहा, ‘मैंने अपना डेब्यू 1981 में किया था। 80 के दशक के शुरू में किसी ने मेरे जैसा खेल नहीं देखा था। जब लोगों ने मुझे खेलते देखा तो सभी ने पूछा कि यह कौन बल्लेबाज है जो गेंद की विपरीत दिशा में जाकर और हवा में उठाकर शॉट खेलता है, लेकिन मैंने कभी तकनीक की परवाह नहीं की।’
पूर्व भारतीय कप्तान श्रीकांत ने कहा, ‘गावस्कर दूसरी तरफ तकनीक के मामले में परफेक्ट थे और वो गेंद को उसकी योग्यता के आधार पर खेलते थे। वो अनावश्यक शॉट नहीं खेलते थे। आमतौर पर यह कहा जाता है कि विपरीत पोल एक-दूसरे को आकर्षित करते हैं। अगर गावस्कर नॉर्थ पोल थे तो मैं साउथ पोल था।’

