By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
सुरभि सलोनीसुरभि सलोनीसुरभि सलोनी
  • National
  • State
  • Social
  • Entertainment
  • Mumbai / Maharashtra
  • Video
  • E-Magazine
Reading: आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में विश्व समुदाय दोतरफा रवैया नहीं अपना सकता:जयशंकर
Share
Font ResizerAa
सुरभि सलोनीसुरभि सलोनी
Font ResizerAa
  • National
  • State
  • Social
  • Entertainment
  • Mumbai / Maharashtra
  • Video
  • E-Magazine
Search
  • Business
  • entertainment
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2022 Surabhi Sloni All Rights Reserved.
world

आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में विश्व समुदाय दोतरफा रवैया नहीं अपना सकता:जयशंकर

Last updated: October 24, 2019 9:44 am
Surabhi Saloni
Share
4 Min Read
SHARE

बाकू:भारत ने बुधवार को आतंकवाद को न केवल अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा के लिए बल्कि विकास के लिए भी ”सबसे बड़ा खतरा” बताया। इसके साथ ही भारत ने कहा कि विश्व समुदाय इस खतरे के खिलाफ अपनी लड़ाई में चुनिंदा दृष्टिकोण या दोहरे मानदंडों को बर्दाश्त नहीं कर सकता है। बिना किसी देश का नाम लिए  विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि आतंकी वित्तपोषण नेटवर्क सहित सीमा पार संचालन और आतंकी समूहों के बीच बढ़ते संबंध तथा आधुनिक संचार तकनीकों के जरिए घृणित विचारधाराओं के प्रसार से कोई देश इस समस्या से नहीं बचा है।

जयशंकर ने यहां गुटनिरपेक्ष आंदोलन (एनएएम) की मंत्रिस्तरीय बैठक को संबोधित करते हुए कहा, ”कोई भी कारण राजनीतिक लक्ष्य हासिल करने के लिए निर्दोष लोगों की अंधाधुंध हत्या को उचित नहीं ठहरा सकता है।” उन्होंने कहा कि आतंकवाद न केवल अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा के लिए बल्कि विकास के लिए भी सबसे बड़ा खतरा है।

जयशंकर ने कहा, ”हमारे सामूहिक कार्यों और हमारे शब्दों में मेल होना चाहिए। आतंकवाद के खिलाफ हमारी लड़ाई सामूहिक रूप से और सभी मोर्चों पर लड़ी जानी चाहिए। अंतरराष्ट्रीय समुदाय इस मुद्दे पर चुनिंदा दृष्टिकोण या दोहरे मानदंडों को वहन नहीं कर सकता।” उन्होंने कहा कि एनएएम के सदस्य देशों को आतंकवाद का सामना करने के लिए सहयोग की खातिर अपने सामूहिक प्रयासों को बढ़ावा देना चाहिए। इनमें सूचनाओं और सर्वश्रेष्ठ चलनों का आदान-प्रदान, आधुनिक तकनीकों के दुरुपयोग को रोकना, अवैध वित्तीय प्रवाह की निगरानी और जांच तथा न्यायिक प्रक्रियाओं में सहयोग करना शामिल हैं।

भारत पाकिस्तान पर सीमा पार आतंकी हमलों को अंजाम देने वाले आतंकवादी समूहों को सुरक्षित पनाह मुहैया कराने का आरोप लगाता रहा है। भारत ने 1996 में मौजूदा कानूनी ढांचे को और मजबूत बनाने के लिए अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद पर व्यापक सम्मेलन (सीसीआईटी) का प्रस्ताव रखा था। जयशंकर ने कहा, ”दो दशक हो गए, हमने बहुत कम प्रगति की है। उन्होंने संगठन के सदस्य देशों से सीसीआईटी को अंतिम रूप देने के लिए अपनी प्रतिबद्धता को नवीनीकृत करने और इस लक्ष्य के लिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय को संगठित करने का आग्रह किया।”

उन्होंने कहा कि भारत एक संस्थापक सदस्य के रूप में, एनएएम के सिद्धांतों और उद्देश्यों के लिए प्रतिबद्ध है, जिनमें फलस्तीन के लिए उसकी दीर्घकालिक एकजुटता और समर्थन शामिल है। एनएएम की स्थापना 1961 में की गयी थी जब शीत युद्ध चरम पर था और यह उन देशों के स्वतंत्र मंच के रूप में गठित किया गया था जो औपचारिक रूप से किसी भी प्रमुख गुट के साथ या उसके खिलाफ नहीं थे। अब इस संगठन के 120 सदस्य हैं।

जयशंकर ने कहा कि जलवायु परिवर्तन, पर्यावरणीय क्षति आतंकवाद, कट्टरता, गरीबी, सार्वजनिक स्वास्थ्य आपात स्थिति, मानवीय और प्राकृतिक आपदाएं, साइबर सुरक्षा खतरे आदि इस नयी दुनिया की कुछ चुनौतियां हैं। उन्होंने कहा, ”इन चुनौतियों का सामना केवल एक साथ होकर ही किया जा सकता है। विभाजित होकर नहीं। इसमें सहयोग की आवश्यकता है, जबरदस्ती की नहीं। संक्षेप में, प्रभावी बहुपक्षवाद ही एकमात्र जवाब है। और इसके लिए हम सभी को वास्तव में स्वतंत्र होने और अपने लिए सोचने की आवश्यकता है।

Sign Up For Daily Newsletter

Be keep up! Get the latest breaking news delivered straight to your inbox.

By signing up, you agree to our Terms of Use and acknowledge the data practices in our Privacy Policy. You may unsubscribe at any time.
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram Email Copy Link Print
Share
What do you think?
Love0
Sad0
Happy0
Sleepy0
Angry0
Dead0
Wink0
Previous Article आर्थिक स्लोडाउन पर आरबीआई के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन ने सरकार की दी यह सलाह
Next Article ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में भारत ने 14 रैंक की छलांग लगाई, 63वें पायदान पर पहुंचा

आज का AQI

Live Cricket Scores

Latest News

PM नरेन्द्र मोदी का संबोधन आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन!, चुनाव आयोग से जांच की मांग की
national
April 19, 2026
मटका किंग ने प्राइम वीडियो इंडिया पर नंबर 1 पर एंट्री मारी, इंटरनेशनल लेवल पर भी बना चर्चा का विषय
entertainment
April 18, 2026
वरुण-मृणाल का ‘वियाह करवाड़ो जी’ रिलीज़, हर संगीत की जान बनने को तैयार
entertainment
April 18, 2026
एक्शन मोड में रश्मिका मंदाना! बैंकॉक में 8 घंटे की मुश्किल ट्रेनिंग पूरी, ‘मायसा’ के अगले शेड्यूल के लिए हैं पूरी तरह तैयार
entertainment
April 18, 2026

Sign Up for Our Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Follow US
© 2026 Surabhi Saloni All Rights Reserved. Disgen by AjayGupta
  • About Us
  • Privacy
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
  • Contact
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?