भारत तटरक्षक बल में डिप्टी कमांडेंट के तौर पर अपने सेवा दे रहे अलीगढ़ के उत्कर्ष शर्मा को उनकी वीरता के लिए हाल ही में गैलेंट्री अवार्ड से सम्मानित किया गया है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि उत्कर्ष को यह अवार्ड किस लिया दिया गया, अगर नहीं तो जान लीजिए हैं। हिन्दुस्तान से खास बातचीत में डिप्टी कमांडेंट उत्कर्ष ने बताया कि पिछले साल 15 दिसंबर को अंडमान निकोबार में समुद्री तूफान आया था। जिसमें 134 पर्यटक नील आइसलैंड में फंस गए थे। सरकार ने सारे पोत पर उस तरफ जाने पर रोक लगा दी। उस समय उत्कर्ष वहां आईसीजी शिप सी-423 में बतौर कमांडर तैनात थे।
इसके बाद उनको आदेश मिला कि वह वहां जाएं और पर्यटकों को सुरक्षित निकाल कर वापस लाएं। इसके बाद विपरित परिस्थितियों में भी उत्कर्ष अपनी टीम के साथ वहां पहुंचे और सभी 134 पर्यटकों को सुरक्षित बाहर निकाला। इसके बाद 14 अगस्त को राष्ट्रपति कार्यालय की ओर से वीरता सम्मान के लिए सूची जारी की गई जिसमें उत्कर्ष का नाम भी शामिल था। इसके बाद 24 सितंबर को चेन्नई में आयोजित भारतीय तटरक्षक बल के वार्षिक समारोह में मुख्य अतिथि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उन्हें इस इस पुरस्कार से सम्मानित किया।
बता दें कि भारतीय तटरक्षक बल की स्थापना शांतिकाल में भारतीय समुद्र की सुरक्षा करने के उद्देश्य से 18 अगस्त 1978 को की गई थी। यह एख स्वतंत्र सशस्त्र बल के रूप में कार्य करती है और समुद्री सीमाओं की रक्षा करती हैं। उत्कर्ष शर्मा ने 20 जून 2013 को भारतीय तटरक्षक बल ज्वाइन किया था
जानिए 134 लोगों को तूफान से बचाने वाले उत्कर्ष की पूरी कहानी

