मुंबई:बीसीसीआई के पूर्व मुख्य चयनकर्ता और भारतीय कप्तान दिलीप वेंगसरकर ने कहा कि उन्होंने विराट कोहली का राष्ट्रीय टीम में उस समय चयन किया था, जब तत्कालीन कप्तान महेंद्र सिंह धौनी और कोच गैरी कर्स्टन ने उनके बारे में सुना भी नहीं था। वेंगसरकर ने एक किताब के विमोचन के मौके पर कहा, ‘सही बताऊं तो जब मैंने विराट को राष्ट्रीय टीम में चुना तो वह ऑस्ट्रेलिया में इमर्जिंग प्लेयर्स टूर्नमेंट खेल रहे थे और मैं सिलेक्शन कमिटी का अध्यक्ष था। मैं ऑस्ट्रेलिया मैच देखने गया था और विराट कोहली ने अंडर-19 वर्ल्ड कप जीता था।’
धौनी और कर्स्टन ने नहीं सुना था विराट कोहली का नाम
भारत के लिए 116 टेस्ट मैच खेलने वाले दिलीप वेंगसरकर ने यह भी कहा कि तमिलनाडु के बल्लेबाज एस. बद्रीनाथ को उनके लिए जगह बनानी पड़ी। वेंगसरकर ने कहा, ‘महेंद्र सिंह धौनी तब टीम के कप्तान थे और गैरी कर्स्टन टीम इंडिया के कोच थे। उन्होंने विराट कोहली के बारे में सुना ही नहीं था। उन्होंने कहा कि अभी विराट कोहली को नहीं चुनना चाहिए और उसे जूनियर लेवल पर कुछ मैच खेलने देना चाहिए। मैं इस बात पर जोर दे रहा था कि विराट कोहली को राष्ट्रीय टीम में जरूर चुनना चाहिए। इसके बाद उन्हें एस बद्रीनाथ को टीम में चुनना चाहिए।’
वेंगसरकर ने सचिन को मुंबई की रणजी टीम में चुना था
लॉर्ड्स में टेस्ट मैच में तीन शतकीय पारिया खेलने वाले इस पूर्व भारतीय कप्तान ने कहा कि उन्होंने ही सचिन तेंदुलकर को मुंबई की रणजी टीम में चुना था। उन्होंने कहा, ‘जब मैं बॉम्बे (अब मुंबई) टीम का कप्तान था। सब उन्हें टीम में चुनने के पक्ष में नहीं थे। लोगों का कहना था कि उनकी उम्र अभी बहुत कम है लेकिन मैंने जोर देकर कहा कि सचिन को टीम में चुना जाना चाहिए।’

