By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
सुरभि सलोनीसुरभि सलोनीसुरभि सलोनी
  • National
  • State
  • Social
  • Entertainment
  • Mumbai / Maharashtra
  • Video
  • E-Magazine
Reading: मैं ऐसा प्रधानमंत्री नहीं था जो प्रेस से घबराता हो : मनमोहन सिंह
Share
Font ResizerAa
सुरभि सलोनीसुरभि सलोनी
Font ResizerAa
  • National
  • State
  • Social
  • Entertainment
  • Mumbai / Maharashtra
  • Video
  • E-Magazine
Search
  • Business
  • entertainment
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2022 Surabhi Sloni All Rights Reserved.
national

मैं ऐसा प्रधानमंत्री नहीं था जो प्रेस से घबराता हो : मनमोहन सिंह

Last updated: December 19, 2018 6:59 am
Surabhi Saloni
Share
2 Min Read
File Photo
SHARE

नई दिल्ली:पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सीधा निशाना साधा है। मनमोहन सिंह ने कहा कि वह ऐसे प्रधानमंत्री नहीं थे, जो प्रेस से बात करने में घबराता हो। उन्होंने कहा कि वह लगातार प्रेस से मिलते थे। हर विदेश यात्रा में प्रेस कांफ्रेंस करते थे।

अपनी किताब ‘चेंजिंग इंडिया’ के विमोचन पर डॉ. सिंह ने प्रधानमंत्री पर प्रेस से दूर रहने व घबराने के आरोप लगाए। खुद पर मौन रहने के आरोपों का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि  लोग कहते है कि मैं मौन प्रधानमंत्री था। मैं समझता हूं मेरी किताब चेंजिंग इंडिया इस बारे में खुद बोलेगी। मैं ऐसा प्रधानमंत्री नहीं था जो प्रेस से बात करने में घबराता हो।

मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में सरकार के गठन के बाद किसानों का कर्ज माफ करने के बारे में उन्होंने कहा कि हमे इस फैसले का सम्मान करना चाहिए। यह चुनावी घोषणा पत्र में किया गया वादा है, जिसे पूरा करना हमारी जिम्मेदारी थी। इसलिए इन दोनों राज्यो के मुख्यमंत्रियों ने इस फैसले का ऐलान किया है।
आरबीआई – सरकार का रिश्ता पति-पत्नी की तरह 
डॉ.सिंह ने सरकार और रिजर्व बैंक को आपसी तालमेल के साथ काम करने की नसीहत दी। उन्होंने कहा, रिजर्व बैंक और सरकार का संबंध पति-पत्नी की तरह है। दोनों के बीच मतभेदों का निपटाना जरूरी होता है, ताकि दोनों सामंजस्य के साथ काम कर सकें। पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा, स्वतंत्र और मजबूत रिजर्व बैंक का सम्मान किया जाना चाहिए। पर साथ ही वह उम्मीद करते है कि रिजर्व बैंक और भारत सरकार शांति व सामंजस्य के साथ काम करने का तरीका तलाश कर लेंगे। डॉ. सिंह की किताब पांच भाग में है।

भारत के भाग्य में लिखा वैश्विक पावरहाउस बनना
पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा, वैश्विक अर्थव्यवस्था का एक बड़ा पावरहाउस बनना भारत के भाग्य में लिखा है। उन्होंने कहा, सभी बाधाओं और व्यवधानों के बावजूद भारत सही दिशा में बढ़ता रहेगा। भारत के भाग्य में है कि वह वैश्विक अर्थव्यवस्था का पावर हाउस बने।

Sign Up For Daily Newsletter

Be keep up! Get the latest breaking news delivered straight to your inbox.

By signing up, you agree to our Terms of Use and acknowledge the data practices in our Privacy Policy. You may unsubscribe at any time.
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram Email Copy Link Print
Share
What do you think?
Love0
Sad0
Happy0
Sleepy0
Angry0
Dead0
Wink0
Previous Article अमेरिका ने दी पाक को चेतावनी, आतंकियों को फंडिंग रोके तो ही बेलआउट
Next Article एमपी-छत्तीसगढ़ के बाद असम सरकार ने किया किसानों का 600 करोड़ रुपये कर्ज माफ

आज का AQI

Live Cricket Scores

Latest News

पेपर लीक से छात्रों का भविष्य छीनने वाले मोदी छात्रों से मांगे माफी : राहुल
national
August 2, 2026
विद्या, विनय, विवेक का त्रिवेणी संगम युवाचार्य महावीर – मुनिश्री डॉ. पुलकित कुमार
social
August 2, 2026
जीवन में विषयासक्ति से बचने का हो प्रयास : शांतिदूत आचार्यश्री महाश्रमण
social
August 2, 2026
कांदिवली में हुआ युवाचार्य वर्धापना का भव्य आयोजन
social
August 2, 2026

Sign Up for Our Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Follow US
© 2026 Surabhi Saloni All Rights Reserved. Disgen by AjayGupta
  • About Us
  • Privacy
  • Disclaimer
  • Terms and Conditions
  • Contact
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?