सिडनी:भारतीय कप्तान विराट कोहली ने कहा है कि वह आॅस्ट्रेलिया के 2014 दौरे की तुलना में अब ज्यादा परिपक्व हो गए हैं और उन्हें आगामी टेस्ट श्रृंखला में आॅस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों से किसी तरह से भिड़ने की जरूरत नहीं लगती। विराट कोहली मैदान पर अपने आक्रामक रवैये के लिए मशहूर हैं। साल 2014 के आॅस्ट्रेलियाई दौरे पर भारत का यह 30 वर्षीय कप्तान कंगारू खिलाड़ियों से छींटाकशी में उलझ गया था। लेकिन अब भारतीय कप्तान विराट कोहली ने कहा कि उन्होंने बीते अनुभवों से सीख ली है और उन्हें श्रृंखला के दौरान इस तरह की किसी घटना की उम्मीद नहीं है।
‘मैं अब 2014 दौरे से ज्यादा परिपक्व हूं’
विराट कोहली ने मैक्वारी स्पोर्ट्स रेडियो से बातचीत में कहा, ‘मुझे लगता है कि पिछली बार की तुलना में मैं अब ज्यादा परिपक्व और आत्मविश्वास से भरा हूं, मुझे किसी को भी कुछ साबित करने की जरूरत नहीं दिखती।’ उन्होंने कहा, ‘इसलिए मुझे प्रतिद्वंद्वी टीम के किसी खिलाड़ी से किसी तरह से भिड़ने की जरूरत नहीं है और मुझे लगता है कि जैसे जैसे आप आगे बढ़ते हो, इस तरह के बदलाव आते रहते हैं।’ विराट कोहली ने 73 टेस्ट मैचों में 54.57 की औसत से 6331 बनाए हैं जिसमें 24 शतक और 19 अर्धशतक शामिल हैं।
मौजूदा भारतीय गेंदबाजी आक्रमण लंबे समय में सर्वश्रेष्ठ : लासन
आॅस्ट्रेलिया के पूर्व तेज गेंदबाज ज्यौफ लासन का मानना है कि मौजूदा भारतीय गेंदबाजी आक्रमण लंबे समय में उसका सर्वश्रेष्ठ आक्रमण है। और चार टेस्ट मैचों की श्रृंखला में आस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को भारतीय गेंदबाजों से कड़ी चुनौती मिलेगी। लासन ने कहा, ‘भारत के पास कुछ बेहतरीन तेज गेंदबाज हैं और अच्छे स्पिनर भी हैं।ईशांत शर्मा संभवत: आखिरी बार यहां आए हैं और उनकी गेंदों में अतिरिक्त उछाल है। उमेश यादव अच्छी गेंदबाजी करता है और मोहम्मद शमी के पास स्विंग है। भुवनेश्वर कुमार भी स्विंग करा लेता है। भारत सभी चार तेज गेंदबाजों को नहीं उतारेगा। इनमें से तीन और एक या दो स्पिनर ही खेलेंगे। एडीलेड में श्रृंखला शुरू होना भारत के लिए फायदेमंद होगा। पहला टेस्ट एडीलेड में है सो भारत को मनचाही मुराद मिल गई। वे ब्रिसबेन या पर्थ से शुरूआत नहीं करना चाहते होंगे।’
स्लेजिंग पर बोले विराट कोहली- अब मैं पहले से ज्यादा परिपक्व हो गया हूं

