जागरण फिल्म फेस्टिवल के दसवें एडीशन में प्रदर्शित की जा रही है ‘नक्काश’
मुंबई। क्रिटिक्स की जबर्दस्त वाहवाही लूटने वाली फिल्म ‘नक्काश’ एक बार फिर देश भर के अलग अलग शहरों में स्क्रीन होने के लिए तैयार है। नक्काश को जागरण फिल्म फेस्टिवल में चुना गया है जिसके जरिए वो अगले दो महीने में देश के प्रमुख 18 शहरों में प्रदर्शित की जाएगी। इस फेस्टिवल में दुनिया भर की बेहतरीन फिल्मों का प्रदर्शऩ किया जा रहे है जिनमें बुलबुल कैन सिंग, हिरोशिमा, विडोज़ आफ वृंदावन, द आयरिश प्रिजनर प्रमुख हैं।
इनामुलहक, शारिब हाशमी, कुमुद मिश्रा, राजेश शर्मा, पवन तिवारी जैसे दिग्गज कलाकारों के अभिनय से सजी नक्काश मई के आखिरी हफ्ते में रिलीज हुई थी फिल्म ने बॉक्स ऑफिस के साथ साथ क्रिटिक्स सर्किल में धूम मचा दी। इस फिल्म का निर्देशन पत्रकार से फिल्मकार बने ज़ैग़म इमाम ने किया है। गोल्डेन रेशियो फिल्म्स के बैनर तले रिलीज़ हुई फिल्म के प्रोड्यूसर पवन तिवारी, गोविंद गोयल और जैगम इमाम हैं। नक्काश की कहानी बनारस में रहने वाले एक ऐसे मुस्लिम कारीगर की कहानी है जो हिंदू मंदिरों में नक्काशी का काम करता है। उसके काम की वजह से एक तरफ जहां उसके अपने समुदाय के लोग नाराज़ हैं वहीं दूसरी ओर के कट्टरपंथी भी उस पर नजर गड़ाए हुए हैं। आज की भारतीय राजनीति और। सामाजिक ताने बाने के इर्द गिर्द घूमती नक्काश आने वाले सामाजिक खतरों को लेकर साफतौर पर आगाह करती है। नक्काश उस गंगा जमुनी तहजीब की वकालत करती है जिसकी वजह से हिंदुस्तान सालों साल से एकता के सूत्र में बंधा हुआ है।
नक्काश के एक बार फिर अलग अलग शहरों में प्रदर्शन को लेकर निर्देशक जैगम इमाम बेहद उत्साहित हैं। जैगम का कहना है कि नक्काश सिर्फ एक फिल्म नहीं है एक सामाजिक जिम्मेदारी है। अपने प्रदर्शन के बाद से ही ये फिल्म चर्चा में है और आज भी हमें और हमारी टीम अलग अलग सोशल प्लेटफ़ार्म्स के माध्यम से प्रंशसा के संदेश मिल रहे हैं। इस फिल्म ने लोगों की जिंदगियों को छुआ है हिंदू मुस्लिम को लेकर एक अलग तरह की समझ पैदा की है। इस फिल्म फेस्टिवल के माध्यम से ये फिल्म नए दर्शकों तक पहुंचेगी ये बिल्कुल हमारे मकसद के कामयाब होने जैसा है। नक्काश का एक डायलॉग सोशल मीडिया पर काफी चर्चा में रहा है। ‘भगवान कौन हैं, अल्लाह मियां के भाई’!! इस बारे में बातचीत करते हुए जैगम का कहना था कि देखिए ईश्वर अल्लाह और भगवान में क्या फर्क हो सकता है? ये सब एक हैं और फिल्म यही बताती है कि किसी भी इंसान से उसके धर्म के आधार पर नफरत करना गलत है। नक्काश के लिए लीड एक्टर इनामुलहक को अमेरिका के वाशिंगटन डीसी साउथ एशियन फिल्म फेस्टिवल में बेस्ट एक्टर के खिताब से नवाजा जा चुका है जबकि जबकि डायरेक्टर जैगम इमाम सिंगापुर साउथ एशियन फिल्म फेस्टिवल में इमर्जिंग फिल्ममेकर ऑफ के सम्मान से सम्मानित हो चुके हैं।

