नई दिल्ली:कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने शनिवार (21 मार्च) को कोरोना वायरस से निपटने के लिए सभी से एकजुट होने की अपील करते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं सरकार से आग्रह किया कि चिकित्सा जांच का दायरा बढ़ाया जाए। साथ ही उन्होंने छोटे एवं मझोले कारोबारियों के लिए राहत पैकेज की घोषणा करने की भी मांग की। सोनिया ने एक बयान में कहा कि मास्क, सेनिटाइजर, खाने-पीने की वस्तुओं की बाजार में सुचारू ढंग से आपूर्ति बनाई रखी जाए।
उन्होंने कहा, ”कोरोना वायरस को लेकर बहुत चिंता है। लोगों के जीवन के लिए खतरा है और इससे जीविका पर भी विपरीत प्रभाव पड़ रहा है। मेरा मानना है कि हम दृढ़ संकल्प और प्रतिबद्धता के साथ इस मुश्किल समय से बाहर आ सकते हैं।”
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, ”130 करोड़ लोगों के देश मे अब तक सिर्फ 15071 लोगों की जांच किए जाने की जानकारी सामने आई है। हमें निगरानी में रखे गए सभी लोगों की जांच करनी चाहिए और जांच का दायरा उन सभी लोगों तक ले जाना चाहिए जो कोरोनो पॉजिटिव पाए लोगों के सीधे संपर्क में आए हैं।”
उन्होंने यह भी कहा कि मास्क, सेनिटाइजर एवं दूसरे स्वास्थ्य सुरक्षा सुरक्षा उपकरणों, खाने-पीने की वस्तुओं की बाजार में निर्बाध आपूर्ति और उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। सोनिया ने कोरोना वायरस का छोटे एवं मझोले कारोबारियों और मजदूरों पर पड़ने वाले विपरीत प्रभाव का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार को इनके लिए राहत पैकेज की घोषणा करनी चाहिए।
देश में कोरोना संक्रमितों की संख्या 283 हुई
वहीं, केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने शनिवार (21 मार्च) को वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से 1,000 स्थानों पर गहन देखभाल प्रबंधन पर प्रशिक्षण आयोजित किये। मंत्रालय ने बताया कि सरकारी अस्पतालों में कोरोना वायरस से निपटने के लिए आपात प्रतिक्रिया के लिए 22 मार्च को राष्ट्रव्यापी मॉक ड्रिल होगी। वहीं, स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़े के अनुसार भारत में कोरोना वायरस से संक्रमण के मामले बढ़कर 283 हो गए है। स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने पत्रकारों को बताया कि कोरोना वायरस जांच के लिए दिशानिर्देशों में बदलाव किया गया है। प्रत्यक्ष स्पर्शोन्मुख, अति जोखिम वाले संपर्क के पुष्ट मामलों के संपर्क में आने के 5-14 दिनों के बीच जांच की जानी चाहिए।

